ज़मीं पर रह कर आसमां को छूने की फितरत है मेरी, पर गिरा कर किसी को ऊपर उठने का शौक़ नहीं मुझे।
तू मेरी बराबरी कर ही नहीं सकता, क्योंकि तेरे दिमाग में सिर्फ तू है और मेरे दिमाग में पूरी दुनिया…!
मेरी जिंदगी, मेरे नियम, और मेरा अंदाज़ – इन तीनों का मालिक मैं खुद हूँ…!
हम दुश्मनों को भी बड़ी शानदार सज़ा देते हैं, हाथ नहीं उठाते बस नज़रों से गिरा देते हैं।
ऐसे ही नहीं वो कालों के काल महाकाल कहलाते हैं।
कद्र हमारी भी करेंगे एक दिन ये ज़माने वाले देख लेना
जो सिर्फ़ उन्हें अंधेरे में ही दिखाई देती है।
जिनमें अकेले चलने का होंसला होता हैं, उनके पीछे एक दिन काफिला होता है ✊
जो चली गई थी वो लौट आई है स्वागत करो बेटा.. दरवाजे पर तेरी मौत आई है.. !
हमारे अंदाज़ को नकल करने की कोशिश मत करो, क्योंकि हम एक Attitude Shayari ही हैं…!
क्योंकि दोस्ती किसी मज़हब की मोहताज नहीं होती।
तेरे दर्द में मैं भी साथ हूँ मुझे भी दर्द होता है।
जिसको जो कहना है कहने दो अपना क्या जाता है,
जो ठान लिया वह करके रहूंगा यह मत सोच डर के रहूंगा.. !